कविता

संज्ञा उपाध्‍याय की तीन बाल कविताएँ इस वीडियो में हैं। ये प्राथमिक कक्षाओं के विद्यार्थियों के लिए उपयोगी हैं। इनमें से एक कविता कुछ इस तरह है :

मकड़ी जाला बुनती है
नहीं किसी की सुनती है

पूरे घर को देखभाल कर
कोने-अँतरे चुनती है

दम साधे जाले में बैठी
गुर शिकार के गुनती है

हिन्दी

खूब लड़ी मर्दानी, वो तो झॉंसी वाली रानी थी' कविता की लेखिका सुभ्रदा कुमारी चौहान की एक और कविता खिलौनेवाला का ऑडियो यहाँ प्रस्‍तुत है। कविता में बालमन की उड़ान है। हो सकता है कुछ विचारों से आप सहमत न हों, पर बालमन की बात तो सुननी ही चाहिए। तो इस कविता का प्रयोग आप कक्षा में भी कर सकते हैं।

हिन्दी

कक्षा शिक्षण योजना , कविता – कक्कू   NCERT  कक्षा -03 

कुछ गीत बहुत कमाल के होते हैं। और कुछ गीत कमाल करते हुए बन जाते हैं। हमारी लोककथाओं में ऐसे गीत बहुतायत में मिलते हैं। ऐसा ही एक गीत बुन्‍देलखण्‍डी बोली में है। इस गीत को सुन्‍दर चित्रों के साथ एकलव्‍य ने एक किताब के रूप में प्रस्‍तुत किया है।

इस गीत को भाषा की प्राथमिक कक्षाओं में उपयोग किया जा सकता है।

हिन्दी

ब्रजेश वर्मा

पढ़ना  सीखने  की  प्रक्रिया में एक  निर्णायक और अत्यन्त महत्वपूर्ण मोड़ तब आता है जब बच्चे के सामने यह रहस्य खुल जाता है कि शब्द कुछ आवाजों, अक्षरों का मेल हैं जिन्हें क्रम से उच्चारित करना होता है। और इन आवाजों का क्रम बदलकर अनेक शब्द बनाए जा सकते हैं। गोलू ने मुस्कान के आवासीय शिविर में इतना भर सीखा था। इसके बाद का सीखना उसकी निजी रुचि और प्रयासों का नतीजा था।

पृष्ठ

17559 registered users
6680 resources